गैर मुसलमानों पर रौब डालो ,और उनके सर काट डालो .काफिरों पर हमेशा रौब डालते रहो .और मौक़ा मिलकर सर काट दो . सूरा अनफाल - 8 :12.
काफिरों को फिरौती लेकर छोड़ दो या क़त्ल कर दो ."अगर काफिरों से मुकाबला
हो ,तो उनकी गर्दनें काट देना उन्हें बुरी तरह कुचल देना .फिर उनको बंधन
में जकड लेना .यदि वह फिरौती दे दें तो उन पर अहसान दिखाना, ताकि वह फिर
हथियार न उठा सकें . सूरा मुहम्मद - 47 : 4.
गैर मुसलमानों को घात
लगा कर धोखे से मार डालना .'मुशरिक जहां भी मिलें, उनको क़त्ल कर देना,
उनकी घात में चुप कर बैठे रहना. जब तक वह मुसलमान नहीं होते सूरा तौबा -9
:5.
हरदम लड़ाई की तयारी में लगे रहो. "तुम हमेशा अपनी संख्या और
ताकत इकट्ठी करते रहो. ताकि लोग तुमसे भयभीत रहें .जिनके बारे मे तुम नहीं
जानते समझ लो वह भी तुम्हारे दुश्मन ही हैं अलाह की राह में तुम जो भी
खर्च करोगे उसका बदला जरुर मिलेगा . सूरा अन फाल-8 :60.
लूट का
माल हलाल समझ कर खाओ. "तुम्हें जो भी लूट में माले -गनीमत मिले उसे हलाल
समझ कर खाओ ,और अपने परिवार को खिलाओ .सूरा अन फाल-8 :69.
छोटी
बच्ची से भी शादी कर लो ."अगर तुम्हें कोई ऎसी स्त्री नहीं मिले जो मासिक
से निवृत्त हो चुकी हो,तो ऎसी बालिका से शादी कर लो जो अभी छोटी हो और अब
तक रजस्वला नही हो . सूरा अत तलाक -65 :4.
जो भी औरत कब्जे में
आये उससे सम्भोग करmलो."जो लौंडी तुम्हारे कब्जे या हिस्से में आये उस से
सम्भोग कर लो.यह तुम्हारे लिए वैध है.जिनको तुमने माल देकर खरीदा है, उनके
साथ जीवन का आनंद उठाओ. इस से तुम पर कोई गुनाह नहीं होगा . सूरा अन निसा -
4 और 4 :24.
जिसको अपनी माँ मानते हो उस से भी शादी कर लो ."
जिनको तुम अपनी माँ मानते हो ,उन से भी शादी कर सकते हो .मान तो वह हैं
जिन्होंने तुम्हें जन्म दिया . सूरा अल मुजादिला 58 :2.
पकड़ी गई
,लूटी गयीं मजबूर लौंडियाँ तुम्हारे लिए हलाल हैं."हमने तुम्हारे लिए वह वह
औरते -लौंडियाँ हलाल कर दी हैं ,जिनको अलाह ने तुम्हें लूट में दिया हो
.सूरा अल अह्जाब -33 :50.
बलात्कार की पीड़ित महिला पहले चार गवाह
लाये ."यदि पीड़ित औरत अपने पक्ष में चार गवाह न ला सके तो वह अलाह की नजर
में झूठ होगा .सूरा अन नूर -24 :13.
लूट में मिले माल में
पांचवां हिस्सा मुहम्मद का होगा."तुम्हें लूट में जो भी माले गनीमत मिले
उसमे पांचवां हिस्सा रसूल का होगा . सूरा अन फाल- 8 :40.
इतनी
लड़ाई करो कि दुनिया मे सिर्फ इस्लाम ही बाकी रहे ."यहां तक लड़ते रहो ,जब
तक दुनिया से सारे धर्मों का नामोनिशान मिट जाये.केवल अल्लाह का धर्म बाक़ी
रहे. सूरा अन फाल-8 :39.
अवसर आने पर अपने वादे से मुकर
जाओ."मौक़ा पड़ने पर तुम अपना वादा तोड़ दो, अगर तुमने अलाह की कसम तोड़
दी, तो इसका प्रायश्चित यह है कि तुम किसी मोहताज को औसत दर्जे का साधारण
सा खाना खिला दो. सूरा अल मायदा - 5 :89.
इस्लाम छोड़ने की भारी
सजा दी जायेगी ."यदि किसी ने इस्लाम लेने के बाद कुफ्र किया यानी वापस अपना
धर्म स्वीकार, किया तो उसको भारी यातना दो . सूरा अन नहल -16 :106.
जो मुहम्मद का आदर न करे उसे भारी यातना दो जो अल्लाह के रसूल की बात न
माने,उसका आदर न करे, उसको अपमानजनक यातनाएं दो . सूरा अल अहजाब -33 :57.
मुसलमान अल्लाह के खरीदे हुए हत्यारे हैं ."अल्लाह ने ईमान वालों के प्राण
खरीद रखे हैं ,इसलिए वह लड़ाई में क़त्ल करते हैं और क़त्ल होते हैं
.अल्लाह ने उनके लिए जन्नत में पक्का वादा किया है अल्लाह के अलावा कौन
हैजो ऐसा वादा कर सके . सूरा अत तौबा -9:111.
जो अल्लाह के लिए
युद्ध नहीं करेगा ,जहन्नम में जाएगा ."अल्लाह की राह में युद्ध से रोकना
रक्तपात से बढ़कर अपराध है. जो युद्ध से रोकेंगे वह वह जहन्नम में पड़ने
वाले हैं और वे उसमे सदैव के लिए रहेंगे . सूरा अलबकरा -2 :217.
जो अल्लाह की राह में हिजरत नकरे उसे क़त् करदोजो अल्लाह कि राह में हिजरत न
करे और फिर जाए ,तो उसे जहां पाओ ,पकड़ो ,और क़त्ल कर दो . सूरा अन निसा
-4 :89.
अपनी औरतों को पीटो."अगर तुम्हारी औरतें नहीं मानें तो पहले उनको बिस्तर पर छोड़ दो ,फिर उनको पीटो ,और मारो सूरा अन निसा - 4:34.
काफिरों के साथ चाल चलो ."मैं एक चाल चल रहा हूँ तुम काफिरों को कुछ देर
के लिए छूट दे दो ताकि वह धोखे में रहें .सूरा अत तारिक -86:16,17.
अधेड़ औरतें अपने कपडे उतार कर रहें ."जो औरतें अपनी जवानी के दिन गुजार
चुकी हैं और जब उनकी शादी की कोई आशा नहीं हो ,तो अगर वह अपने कपडे उतार कर
रख दें तो इसके लिए उन पर कोई गुनाह नहीं होगा . सूरा अन नूर -24
क्या आप बताये ये कोई धर्म है ? क्या इस्लाम एक गंदगी नहीं है ? क्या
अल्लाह 72 हूरो की दलाली नहीं खाता है ? क्या मोहम्मद ने जो 9 साल की आयशा
से शादी किया वो सही था ? क्या मोहम्मद अपने बेटी के साथ सेक्स करके उसको
गर्वती किया वो सही था? क्या मोहम्मद अपनी खाला के साथ सेक्स किया वो भी
कब्र में वो सही था ? इन सब का भी जवाब दो मुस्लिमो ।